FASTag Tips- FASTag को बार बार नहीं करना पड़ेगा रिचार्ज, जान लिजिए RBI का नया नियम

By Jitendra Jangid- दोस्तो आज भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग इतने सुंगम, सरल, व्यवस्तिथ हो गए हैं कि आप पलक झपते ही कहीं भी जा सकते हैं, इन सब सुविधाओं के लिए हम भारतीय सरकार को टोल देते हैं,भारत ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल संग्रह को सुव्यवस्थित करने के लिए FASTag प्रणाली शुरू की। FASTag प्रणाली, जो रेडियो फ़्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) तकनीक पर काम करती है, ने वाहनों को नकद भुगतान के लिए रुके बिना टोल प्लाज़ा से गुज़रने की अनुमति दी, जिससे भीड़भाड़ में काफ़ी कमी आई और यात्रा का समय कम हुआ। इसको देखते हुए RBI ने नया नियम पेश किया हैं, जिसके चलते आपको बार बार रिचार्ज नहीं करना होगा, आइए जानते हैं इनके बारे में-

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भारत सरकार अब टोल संग्रह प्रणाली में एक बड़े अपग्रेड की तैयारी कर रही है, जिसमें FASTag को अधिक उन्नत तकनीक से बदला जाएगा। ग्लोबल नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम (GNSS) के नाम से जानी जाने वाली नई प्रणाली, भौतिक टैग और सीधे टोल भुगतान की आवश्यकता को समाप्त कर देगी।

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इस प्रणाली के तहत, वाहन की यात्रा के अनुसार टोल को गतिशील रूप से चार्ज किया जाएगा, जिससे पूरी प्रक्रिया अधिक सहज हो जाएगी। इसका मुख्य लाभ यह है कि वाहनों को अब टोल बूथों पर रुकने की आवश्यकता नहीं होगी, जिससे यात्रा का समय कम होगा और भीड़भाड़ कम होगी।

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GNSS के लिए आगे क्या है?

इस नए सैटेलाइट-आधारित टोल संग्रह प्रणाली को लागू नहीं किया गया है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इस विज़न को जीवन में लाने के लिए वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियों से आवेदन मांगने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। एक बार चालू होने के बाद, GNSS देश भर में टोल संग्रह के पूरे बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण करते हुए टोल भुगतान की सुविधा को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाएगा।