1 अप्रैल से लागू होने वाली यूनिफाइड पेंशन स्कीम: कौन है पात्र, क्या हैं फायदे?
- bySagar
- 22 Mar, 2025
केंद्र सरकार ने 1 अप्रैल 2025 से यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) को लागू करने का निर्णय लिया है। यह योजना राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) का विकल्प मानी जा रही है और इसका उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है। UPS को पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) द्वारा नियंत्रित किया जाएगा। आइए जानते हैं इस योजना के लाभ, पात्रता और महत्वपूर्ण शर्तें।
क्या है यूनिफाइड पेंशन स्कीम? यूनिफाइड पेंशन स्कीम एक ऐसी पेंशन योजना है जो केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए बनाई गई है। इस योजना में वे कर्मचारी शामिल हो सकते हैं जो वर्तमान में NPS के तहत आते हैं। UPS के तहत पेंशन राशि, कर्मचारी की आखिरी 12 महीनों की बेसिक सैलरी का 50% होगी।
योजना के मुख्य लाभ:
- न्यूनतम पेंशन राशि: UPS के तहत हर महीने न्यूनतम ₹10,000 की पेंशन प्रदान की जाएगी।
- योगदान: कर्मचारियों को अपनी बेसिक सैलरी और महंगाई भत्ता का 10% योगदान करना अनिवार्य है।
- सुरक्षित भविष्य: यह योजना सेवानिवृत्ति के बाद वित्तीय स्थिरता और सुरक्षा का आश्वासन देती है।
कौन हैं पात्र?
- वे कर्मचारी जो 1 अप्रैल 2025 से NPS के तहत आते हैं।
- जो कर्मचारी नई भर्ती के बाद 30 दिनों के भीतर इस योजना का चयन करते हैं।
- वे सेवानिवृत्त कर्मचारी जो 31 मार्च 2025 तक NPS में थे और उनके परिवार के सदस्य भी इसमें शामिल हो सकते हैं।
क्या UPS में पैसा निकाल सकते हैं? UPS में एनरॉल होने के बाद कर्मचारी लॉक-इन पीरियड (3 साल) के बाद अपने योगदान का 25% तक निकाल सकते हैं। यह निकासी अधिकतम 3 बार ही संभव है। निकासी का उपयोग आवासीय घर या फ्लैट की खरीद या निर्माण के लिए किया जा सकता है।
महत्वपूर्ण शर्तें:
- UPS में शामिल होने के बाद इसे बदला नहीं जा सकता।
- योजना के तहत कोई अन्य पेंशन लाभ नहीं मिलेगा।
निष्कर्ष: यूनिफाइड पेंशन स्कीम से सरकारी कर्मचारियों को सेवानिवृत्ति के बाद एक सुरक्षित और स्थिर पेंशन प्रणाली मिलेगी। यह योजना कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने के साथ-साथ उनके जीवनस्तर को भी बेहतर बनाएगी। अगर आप सरकारी कर्मचारी हैं और इस योजना के पात्र हैं, तो समय रहते इसका लाभ उठाएं।



