ITR फाइल करते समय टैक्स रिजीम बदलना चाहते हैं? जानिए नया और पुराना रिजीम चुनने के नियम
- bySagar
- 19 Apr, 2025
फॉर्म 16 जारी होने की तारीख नजदीक आ चुकी है और नौकरीपेशा वर्ग अपनी इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की तैयारी में है। मगर एक सवाल बहुत से लोगों को परेशान करता है — क्या ITR फाइल करते वक्त टैक्स रिजीम बदला जा सकता है? अगर आपने पहले किसी एक रिजीम को चुना है, तो क्या बाद में रिटर्न फाइल करते समय उसमें बदलाव संभव है? आइए इस सवाल का जवाब विस्तार से जानते हैं।
नया बनाम पुराना टैक्स रिजीम
वर्तमान में इनकम टैक्स रिटर्न भरते समय दो विकल्प मौजूद हैं — पुराना टैक्स रिजीम, जिसमें कई छूटें और कटौतियां मिलती हैं, और नया टैक्स रिजीम, जिसमें टैक्स स्लैब कम हैं लेकिन डिडक्शन नहीं मिलते। इस विकल्प ने करदाताओं को सुविधा तो दी है, लेकिन इसके साथ भ्रम भी खड़ा हो गया है, खासकर तब जब किसी को रिटर्न भरते समय पहले से चुना गया टैक्स रिजीम बदलना हो।
क्या टैक्स रिजीम बदला जा सकता है?
हां, व्यक्तिगत करदाता ITR फाइल करते समय अपना टैक्स रिजीम बदल सकते हैं। यानी अगर आपने साल की शुरुआत में अपने एम्प्लॉयर को पुराना या नया टैक्स रिजीम चुनकर बता दिया था, फिर भी रिटर्न फाइल करते वक्त आप इसे बदल सकते हैं।
उदाहरण के लिए, मान लीजिए आपने फाइनेंशियल ईयर 2024-25 के लिए पुराना रिजीम चुना और एम्प्लॉयर को जानकारी दे दी, लेकिन अब फॉर्म 16 देखने के बाद आपको लगता है कि नया रिजीम आपके लिए ज्यादा फायदेमंद है, तो आप रिटर्न फाइल करते समय नया रिजीम चुन सकते हैं। यही नियम इसके विपरीत भी लागू होता है।
टैक्स रिजीम कैसे बदलें?
ITR फॉर्म भरते समय आपसे पूछा जाएगा:
"क्या आप सेक्शन 115BAC के तहत नए टैक्स रिजीम से बाहर जाना चाहते हैं?"
- अगर आप “हां” चुनते हैं, तो आपका रिटर्न पुराने टैक्स रिजीम में फाइल होगा।
- अगर आप “नहीं” चुनते हैं, तो सिस्टम नए टैक्स रिजीम को डिफॉल्ट मानकर रिटर्न स्वीकार करेगा।
कब नहीं बदल सकते टैक्स रिजीम?
ध्यान देने वाली बात यह है कि टैक्स रिजीम में बदलाव की सुविधा सिर्फ उन्हीं करदाताओं को मिलती है जो समय पर ITR फाइल करते हैं। अगर आप डेडलाइन के बाद रिटर्न भरते हैं (बिलेटेड ITR), तो आपको केवल नया टैक्स रिजीम ही मान्य होगा। ऐसे में पुराना रिजीम चुनने का विकल्प नहीं मिलेगा।
FY 2024-25 के लिए ITR फाइल करने की अंतिम तारीखें
- जिन टैक्सपेयर्स का अकाउंट ऑडिट के तहत नहीं आता, उनके लिए अंतिम तारीख 31 जुलाई 2025 है।
- जिनका अकाउंट ऑडिट के तहत है लेकिन इंटरनेशनल ट्रांजैक्शन नहीं है:
- ऑडिट रिपोर्ट की अंतिम तिथि: 30 सितंबर 2025
- ITR की अंतिम तिथि: 31 अक्टूबर 2025
- अगर इंटरनेशनल ट्रांजैक्शन हैं:
- ऑडिट रिपोर्ट: 31 अक्टूबर 2025
- ITR की अंतिम तारीख: 30 नवंबर 2025
रिटर्न फाइल करते समय टैक्स रिजीम चुनने की आजादी एक बड़ी सुविधा है — लेकिन इसका लाभ उठाने के लिए समय पर ITR फाइल करना जरूरी है। अपने निवेश, डिडक्शन और टैक्स लायबिलिटी को ध्यान में रखते हुए सोच-समझकर अंतिम फैसला लें।






