IPL 2026- कप्तानों को नहीं हैं ये नियम पसंद, फिर भी जारी हैं ये नियम

दोस्तो दुनिया कि सबसे बड़ी क्रिकेट लीग इंडियन प्रीमियर लीग 2026 को शुरु होने में केवल 48 घंटे ही बाकी हैं, 28 मार्च से शुरु होने वाली इस लीग पर सभी की नज़रें हैं, इसके अलावा उन अहम फ़ैसलों पर भी हैं जो इस टूर्नामेंट का स्वरूप तय करेंगे। नए सीज़न से पहले, मुंबई में सभी 10 टीमों के कप्तानों की एक अहम बैठक हुई, जिसमें कई ज़रूरी नियमों पर चर्चा की गई। कुछ नियम कप्तानों को पसंद नहीं फिर भी लागू हैं नियम- 

इम्पैक्ट प्लेयर नियम का ज़ोरदार विरोध

बैठक में चर्चा का सबसे बड़ा विषय था विवादित 'इम्पैक्ट प्लेयर' नियम, जिसे 2023 में लागू किया गया था। ज़्यादातर कप्तानों ने इस पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की और औपचारिक रूप से इसका विरोध किया। आलोचनाओं के बावजूद, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इस नियम को 2027 तक जारी रखने का फ़ैसला किया है।

कप्तान इस नियम के ख़िलाफ़ क्यों हैं?

अक्षर पटेल ने कहा कि यह नियम खेल में ऑलराउंडरों के महत्व को कम करता है।

रोहित शर्मा ने भी पहले इसी तरह की चिंता ज़ाहिर करते हुए आगाह किया था कि इसका भारतीय क्रिकेट में ऑलराउंडरों के विकास पर बुरा असर पड़ सकता है।

हार्दिक पांड्या ने भी इस बात पर ज़ोर दिया कि इस नियम की वजह से टीम का सही तालमेल बिठाना और भी मुश्किल होता जा रहा है।

भारतीय खिलाड़ियों के अलावा, कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटरों ने भी इस पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएँ दी हैं, जिससे यह बहस अभी भी जारी है।

गेंद बदलने का प्रस्ताव ख़ारिज

एक कप्तान ने सुझाव दिया कि दूसरी पारी में ओस के असर को कम करने के लिए पहले 10 ओवरों के बाद गेंद बदल दी जानी चाहिए। इस विचार को पर्याप्त समर्थन नहीं मिला, और मौजूदा नियम में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।

अभ्यास से जुड़े नए नियमों पर स्पष्टीकरण

मैच वाले दिनों में अभ्यास सत्र की अनुमति नहीं होगी।

यदि कोई टीम अपना अभ्यास जल्दी समाप्त कर लेती है, तो विरोधी टीम को उसी पिच का उपयोग करने की अनुमति नहीं होगी।

इन नियमों का उद्देश्य निष्पक्षता बनाए रखना और मैच से पहले की तैयारियों को एक समान बनाना है।